दिल्ली में भारी बारिश, लेकिन नहीं डूबा मिंटो ब्रिज, जानें कैसे रोका गया जलभराव

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हाइलाइट्स:

  • राजधानी दिल्ली में बारिश के दौरान मिंटो ब्रिज की तस्वीरें हो जाती थीं वायरल
  • वहां लगाए गए नए मॉनिटरिंग सिस्टम की वजह से मिंटो ब्रिज के नीचे गुरुवार को नहीं हुआ जलभराव
  • यह मॉनिटरिंग सिस्टम गुरुवार को पहली बार सक्रिय हुआ
  • अधिकारियों ने वहां लगे दो सीसीटीवी कैमरों के जरिए लाइव फीड देखी

पंखुड़ी यादव, नई दिल्ली
मानसून के दौरान दिल्ली में भारी बारिश में शहर के कई हिस्सों में पानी भरने की तस्वीरें आती रहती हैं। लेकिन सबसे ज्यादा जो चर्चित तस्वीर होती थी वह मिंटो ब्रिज की होती थी। वहां पानी में डूबी बस या अन्य गाड़ियों की तस्वीरें वायरल हो जाती थी। लेकिन बुधवार को दिल्ली में हुई भारी बारिश के बाद भी वहां ऐसा कोई नजारा नहीं दिखा। दरअसल, यह सब हुआ वहां लगाए गए नए मॉनिटरिंग सिस्टम की वजह से।

सीसीटीवी से लाइव फीड
पुल के नीचे हुए जलभराव में एक व्यक्ति में डूबने के कुछ हफ्तों बाद यह मॉनिटरिंग सिस्टम लगाया गया था। यह बारिश के दौरान अधिकारियों को लाइव फीड देता है। यह मॉनिटरिंग सिस्टम गुरुवार को पहली बार सक्रिय हुआ और जूनियर से लेकर सीनियर इंजीनियर तक, सभी ने वहां लगे दो सीसीटीवी कैमरों के जरिए लाइव फीड देखी।

… तो रोक दिया जाएगा ट्रैफिक
जलभराव को नियंत्रित करने के लिए पीडब्ल्यूडी ने शहर के अन्य स्थानों पर ऐसा ही मॉनिटरिंग सिस्टम लगाने की योजना बनाई है। प्रोटोकॉल के अनुसार, सभी स्ट्रोमवाटर पंपिंग स्टेशनों पर भूमिगत वाटर लेवल इंडिकेटर लगाया गया है। जब इलाके के एक्सिक्यूटिव इंजीनियर द्वारा तय किए गए एक खास निशान तक जल स्तर पहुंच जाता है, तो एक हूटर बजता है जो ऑपरेटरों के लिए एक चेतावनी होता है कि जल निकासी पंप को शुरू किया जाए। पंप ऑपरेटर अन्य सुरक्षा एवं सावधानी उपायों का पालन करने के लिए ट्रैफिक कंट्रोल रूम को भी सूचित करेंगे। यदि जल स्तर 15 सेमी बढ़ जाता है तो अंडरपास के माध्यम से ट्रैफिक रोक दिया जाएगा।

मिंटो ब्रिज की पहले की तस्वीर

मिंटो ब्रिज की पहले की तस्वीर

यूं काम करता है नया सिस्टम
सीसीटीवी कैमरों में से एक में अंडरपास दिखाता है, जबकि दूसरा पंप रूम पर फोकस है। पंपिंग शुरू होते ही रिकॉर्डिंग शुरू हो जाती है। कैमरे वाई-फाई इनेबल्ड हैं और इनमें कम से कम सात दिनों के फुटेज स्टोर करने के लिए पर्याप्त मेमोरी है। फील्ड कर्मचारियों द्वारा मोबाइल फोन ऐप की मदद से पंपों को ऐक्टिव किया जाता है। इसी ऐप में जल स्तर, पंपों का ऑपरेशनल स्टेटस और सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को दिखती है।

मिंटो ब्रिज, दिल्ली


…तो दर्ज होगी एफआईआर

पीडब्ल्यूडी ने चेतावनी दी है कि भारी बारिश के दौरान लगाए गए यातायात प्रतिबंधों का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाएगी। मिंटो ब्रिज के नीचे जलभराव की रोकथाम के लिए, अधिकारी लोकल सिविक सर्विस और दिल्ली पुलिस की सेवाएं ले सकते हैं। एक अधिकारी ने कहा कि अगर जरूरत पड़ी तो स्थिति को पीडब्लूडी मंत्री और प्रमुख सचिव तक पहुंचाया जा सकता है।

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