गोरखपुर विधायक राधा मोहन मामले पर बोले सांसद रवि किशन, ‘दिक्कत थी तो लीडरशिप के पास जाना चाहिए था’

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हाइलाइट्स:

  • गोरखपुर में सांसद बनाम विधायक की लड़ाई, राधा मोहन दास को कारण बताओ नोटिस
  • रवि किशन बोले- अगर MLA को समस्या थी तो FB पोस्ट लिखने के बजाय नेतृत्व के पास जाते
  • राधा मोहन को स्वतंत्र देव सिंह के निर्देश पर प्रदेश महामंत्री जेपीएस राठौर नेभेजा नोटिस

गोरखपुर
गोरखपुर सदर सीट से बीजेपी के विधायक डॉ. राधा मोहन दास अग्रवाल को पार्टी ने कारण बताओ नोटिस जारी किया है। डॉ. राधा मोहन दास अग्रवाल ने पिछले दिनों फेसबुक पर पोस्ट करके योगी सरकार की कानून व्यवस्था पर उठाया था। उन्होंने कहा था कि उन्हें खुद के विधायक होने पर शर्म आ रही है। गोरखपुर से सांसद रवि किशन ने कहा कि अगर विधायक कोई समस्या थी तो उन्हें पोस्ट करने के बजाय नेतृत्व के पास जाना चाहिए था।

रवि किशन ने कहा, ‘राधा मोहन सरकार और यहां तक कि गोरखपुर में मेरे काम को लेकर तंज कर रहे थे। अगर उन्हें कोई दिक्कत है तो उन्हें पार्टी लाइन से अलग जाकर फेसबुक पर पोस्ट करने के बजाय नेतृत्व के पास जाना चाहिए।’ बता दें कि राधा मोहन दास के एक हफ्ते के अंदर जवाब मांगा गया है।

राधा मोहन का कथित ऑडियो वायरल
इस बीच डॉक्टर राधा मोहन दास अग्रवाल का एक कथित ऑडियो भी वायरल हो गया है। इसमें बीजेपी विधायक फोन पर अन्य पदाधिकारी से तंज भरे लहजे में एक शिकायत पर कहते हैं कि ठाकुरों से ठीक से रहिए, ठाकुरों की सरकार चल रही है।

राधा मोहन को पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह के निर्देश पर प्रदेश महामंत्री जेपीएस राठौर ने कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए कहा कि आपके द्वारा सरकार और संगठन की छवि धूमिल करने वाली पोस्ट सोशल मीडिया पर की जा रही है। यह अनुशासनहीनता की श्रेणी में आता है।

गोरखपुर में सांसद और विधायक आमने-सामने
इससे पहले गोरखपुर में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के विधायक और सांसद आमने-सामने आ गए। मामला सहायक अभियंता के तबादले से जुड़ा है। विधायक राधा मोहन दास अग्रवाल ने कार्य में लापरवाही के लिए सहायक अभियंता केके सिंह की उपमुख्यमंत्री को पत्र लिखकर शिकायत की है, जिसके बाद अभियंता को मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया।

ट्रांसफर को रोकने के लिए पत्र
मौजूदा सांसद रवि किशन शुक्ला ने अभियंता को कर्मठ, विश्वसनीय बताते हुए तबादले को रोकने के लिए उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य को पत्र लिखा। सांसद रवि किशन के बाद गोरखपुर ग्रामीण से विधायक विपिन सिंह, पिपराइच विधायक महेंद्र पाल सिंह, कैम्पियरगंज विधायक फतेह बहादुर सिंह व सहजनवा विधायक शीतल पांडेय ने भी सहायक अभियंता केके सिंह के पक्ष में उप मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कोई कार्रवाई नहीं करने की मांग की। इस वैचारिक युद्ध में बांसगांव के सांसद कमलेश पासवान नगर विधायक डॉ. राधा मोहन दास अग्रवाल के समर्थन में कूद पड़े हैं।

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